आग की चपेट में आने से वहां बंधी पांच बकरियों में से चार की मौके पर ही जलकर मौत हो गई, जबकि एक बकरी गंभीर रूप से झुलस गई। बकरियों को बचाने के प्रयास में परिवार की दो महिलाएं भी झुलस गईं।
जानकारी के अनुसार सुबह करीब छह बजे डायल 112 पर सूचना मिली कि गांव निवासी गणपत पुत्र सत्तन की झोपड़ी में आग लग गई है। सूचना मिलते ही कांटे चौकी प्रभारी उमाशंकर तिवारी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंच गए।
ग्रामीणों की मदद से काफी प्रयास के बाद आग पर काबू पा लिया गया, लेकिन तब तक पशुशाला में बंधी चार बकरियों की जलकर मौत हो चुकी थी और एक बुरी तरह झुलस गई थी।
इस दौरान बकरियों को बचाने की कोशिश में गणपत की पुत्रवधू लक्ष्मी देवी (पत्नी चंद्रप्रकाश) और उनकी 17 वर्षीय पोती कामिनी भी झुलस गईं। पुलिस ने दोनों घायलों को एंबुलेंस की मदद से इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया है।
